26 अप्रैल 1865 को जॉन विल्क्स बूथ — अमेरिका के 16वें राष्ट्रपति अब्राहम लिंकन के हत्यारे — को वर्जीनिया के पोर्ट रॉयल के पास फेडरल सेना ने घेरकर मार गिराया। इस घटना ने लिंकन हत्याकांड की तलाश के अंत को चिह्नित किया। बूथ उस समय एक प्रसिद्ध अभिनेता था, जिसने 14 अप्रैल की रात फोर्ड थिएटर में घुसकर लिंकन के सिर में गोली मारी, फिर मंच पर कूदकर भाग निकला।
अगले 12 दिनों तक चले भगदड़ के दौरान फेडरल जांच बल ने बड़े पैमाने पर खोज शुरू की। अंततः बूथ वर्जीनिया के एक फार्म के तंबाकू गोदाम में छिपा हुआ पाया गया। सेना ने घेर लिया, बूथ ने आत्मसमर्पण करने से इनकार कर दिया, और आग लगाकर उसे बाहर निकालने के प्रयास के दौरान एक सैनिक ने उसकी गर्दन में गोली मार दी। कुछ घंटों बाद उसकी मौत हो गई। फोरेंसिक जांच में पुष्टि हुई कि वह मात्र 26 वर्ष का था। उसके कई साथियों को बाद में गिरफ्तार कर फांसी दी गई। लिंकन की हत्या के अगले दिन मृत्यु हो गई थी, और वह अमेरिका के पहले हत्यारे राष्ट्रपति बने।


